लॉक डाउन: चूरू में अटके 24 कश्मीरी श्रमिक अपने घर मना सकेंगे अब ईद
रंग लाई सभापति पायल सैनी की मेहनत
चूरू,(पीयूष शर्मा)18 मई। लॉक डाउन के बाद से चूरू में अटके 24 कश्मीरी मजदूर अब अपने घर पर ईद की खुशियां मना सकेंगे।
क्योंकि मंडेलिया फाउंडेशन की ओर से इन मजदूरों को सोमवार को बस से उनके गांव के लिए रवाना कर दिया गया। आश्रय स्थल के आगे उन्हें सैनेटाइज की गई बस में रवाना किया गया तो उनकी आंखों से खुशी के आंसू छलक आए। मजदूरों ने सभापति पायल सैनी व कांग्रेसी नेता मंडेलिया फाउंडेशन के रफीक मंडेलिया का आभार जताया। गौरतलब है कि गत पांच-छह महीने पहले यहां आए ये मजदूर शहर की गलियों में लकड़िया तोडकर अपना पेट पाल रहे थे। अचानक लगे लॉक डाउन के बाद वे कब्रिस्तान में रहकर बसर कर रहे थे। रमजान माह की शुरुआत के पहले ही दिन सभापति पायल सैनी ने इनकी सुध लेकर इन्हें नगरपरिषद् के आश्रय स्थल में सुरक्षित ठहराया। इनके भोजन का इंतजाम नगरपरिषद् से करवाया। भामाशाहों के सहयोग से रोजा इफ्तारी करवाई गई। इससे पहले सभापति पायल सैनी ने श्रमिकों को पुष्पहार भेंट कर व बस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
सभापति के आग्रह पर मंडेलिया ने ली जिम्मेदारी
सभापति पायल सैनी ने बताया कि कश्मीर में मजदूरों के गांव की दूरी और श्रमिकों की संख्या को देखते हुए किराया जुटा पाना मुश्किल हो रहा था। ऐसे में उन्होने कांग्रेस नेता रफीक मंडेलिया से संपर्क कर मजदूरों को गांव भिजवाने के लिए सहयोग करने का आग्रह किया। जिस पर रफीक मंडेलिया ने तत्काल मंडेलिया फाउंडेशन की ओर से एसी बस की व्यवस्था करवा दी।
परिषद् ने दिए भोजन किट व मास्क-सैनेटाइजर
नगरपरिषद् की ओर से रवानगी से पहले मजदूरों को दो समय के भोजन की किट, कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए मास्क, सैनिटाईजर, डेटोल साबुन, गल्वज आदि दिए। सभी मजदूर रोजेदार होने के कारण युवा समाजसेवी नारायण बालाण ने इनके लिए फल व खजूर भेंट किए गए।
ये रहे मौजूद
इस मौके पर परिषद् के आयुक्त द्वारकाप्रसाद, समाजसेवी नारायण बालाण, उप सभापति प्रतिनिधि रमजान खान, नगरपरिषद् पीआरओं किशन उपाध्याय, डा. भालेदु धाभाई, डा. अहसान गौरी, डा. इमरान गौरी, डा. मंसूरी व पूर्व पार्षद लालचंद सैनी आदि उपस्थित थे।