प्लॉट के नाम पर 12 लाख की ठगी: हिस्ट्रीशीटर ज्ञानचंद अग्रवाल पर फिर मामला दर्ज

डी के सैनी

जयपुर (नवयत्न ) । नारायण विहार थाना क्षेत्र में हिस्ट्रीशीटर ज्ञानचंद अग्रवाल के खिलाफ एक और धोखाधड़ी का मामला दर्ज हुआ है। प्लॉट बेचने के नाम पर 12 लाख रुपए हड़पने के आरोप में पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

जांच अधिकारी एएसआई राजकुमार के अनुसार गोपालपुरा स्थित अग्रसेन नगर निवासी पवन शर्मा (35) ने रिपोर्ट दर्ज करवाई है। शिकायत में बताया गया कि वर्ष 2005 में उसके माता-पिता ने आरोपी ज्ञानचंद अग्रवाल से नारायण विहार स्थित आवासीय योजना में 200 वर्गगज का प्लॉट 6 हजार रुपए प्रति वर्गगज के हिसाब से खरीदा था। इस सौदे के तहत 2 लाख रुपए चेक से और शेष राशि नकद दी गई थी।

पीड़ित के अनुसार पूरा भुगतान करने के बावजूद आरोपी ने प्लॉट का कब्जा नहीं दिया। जब रकम वापस मांगी गई तो आरोपी ने 12 लाख रुपए लौटाने से इंकार कर दिया और दूसरी स्कीम में प्लॉट देने का झांसा देकर टालता रहा। विरोध करने पर दूसरी योजना में 200 वर्गगज का आवंटन पत्र दिया गया, लेकिन उस प्लॉट का भी कब्जा नहीं दिया गया।

पीड़ित ने आरोप लगाया कि कानूनी कार्रवाई की चेतावनी देने पर आरोपी ने काश्तकारों से विवाद का हवाला देकर कब्जा देने से मना कर दिया। इस मामले में पवन शर्मा ने ज्ञानचंद अग्रवाल के साथ-साथ श्री सालासर ओवरसीज प्राइवेट लिमिटेड के संयोजक बदरी शर्मा, कैशियर किशोर कुमार और कार्यालय सहायक लखनलाल अग्रवाल के खिलाफ मामला दर्ज कराया है।

पुलिस के अनुसार आरोपी ज्ञानचंद अग्रवाल, जो नारायण ग्रुप प्राइवेट लिमिटेड का डायरेक्टर है, के खिलाफ जयपुर शहर में पहले से 300 से अधिक मामले दर्ज हैं। इसी के चलते करीब दो वर्ष पूर्व उसकी हिस्ट्रीशीट खोली गई थी। उसके खिलाफ कई मामलों की जांच एसओजी में भी लंबित है।

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी ने नारायण ग्रुप के माध्यम से प्लॉट दिलाने के नाम पर कई लोगों से धोखाधड़ी की है। फिलहाल पुलिस पूरे प्रकरण की गहन जांच में जुटी हुई है।

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