उपखण्ड अधिकारी व तहसीलदार भी आरोपी
आवास एवं अन्य ठिकानों की तलाशी जारी
बनवारी कुमावत
जयपुर (दैनिक नवयत्न)। ए.सी.बी. मुख्यालय के निर्देश पर एसीबी की चित्तोडगढ़ इकाई द्वारा आज उपखण्ड कार्यालय बेंगू चित्तोडगढ़ में कार्यवाही करते हुये मोहम्मद असलम कुरैशी हाल सहायक प्रशासनिक अधिकारी, कम रजिस्ट्री बाबू कार्यालय तहसीलदार बेंगू जिला चित्तोडगढ़ को 03 लाख रूपये की रिश्वत राशि सहित गिरफ्तार किया है।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के महानिदेशक भगवान लाल सोनी ने बताया कि दिनांक 15.03.2022 को ए.सी.बी. की चित्तोडगढ़ इकाई को जरिये मुखबीर खास सूचना प्राप्त हुई कि मुकेश कुमार मीणा, उपखण्ड अधिकारी बेंगू जिला चित्तोड़गढ़ काफी समय से पदस्थापित है उनके द्वारा भ्रष्टाचार किया जा रहा है, उनकी आम शोहरत भी खराब है। भ्रष्ट अधिकारी है जो बिना लेन-देन के कोई कार्य नहीं करता है, इस संबंध में ब्यूरो में काफी समय से शिकायतें प्राप्त हो रही थी।
जिस पर राजेन्द्र प्रसाद गोयल उप महानिरीक्षक पुलिस, राजीव पचार पुलिस अधीक्षक भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, उदयपुर रैंज के निर्देशन में ए.सी.बी. की चित्तोड़गढ़ इकाई के अति० पुलिस अधीक्षक विक्रम सिंह द्वारा उक्त शिकायतों का सत्यापन करने हेतू कल दिनांक 16.03.2022 को मय हेरम्ब जोशी उप अधीक्षक पुलिस व टीम के उपखण्ड कार्यालय बेंगू में स्थित परिसर की आकस्मिक चैकिंग गई तो सहायक प्रशासनिक अधिकारी मोहम्मद असलम कुरैशी के कक्ष की तलाशी के दौरान उसकी टेबल की दराजों से कुल 03 लाख रूपये की संदिग्ध राशि बरामद हुई। उक्त संदिग्ध राशि के संबंध में मोहम्मद असलम कुरैशी से पूछताछ की गई तो बताया कि एक वाद में शीघ्र निस्तारण / निर्णय देने की एवज में यह 03 लाख रूपये की राशि एस. डी. एम. मुकेश कुमार मीणा ने प्राप्त कर मेरी टेबिल की दराजों में रखवाई है। जिस पर मोहम्मद असलम कुरैशी पुत्र मोहम्मद इब्राहिम कुरैशी निवासी व्यापारी मोहल्ला बस्सी जिला चित्तोडगढ । हाल सहायक प्रशासनिक अधिकारी, कम रजिस्ट्री बाबू कार्यालय तहसीलदार बेंगू जिला चित्तोडगढ़ को उसके कब्जे से मिली उक्त संदिग्ध रिश्वत राशि 03 लाख रूपयों सहित गिरफ्तार किया गया। तहसीलदार बेंगू रामधन गुर्जर को ब्यूरो की कार्यवाही की भनक हो जाने से वह मौके से फरार हो गया।
एसीबी के अतिरिक्त महानिदेशक दिनेश एम. एन. के निर्देशन में गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ तथा आरोपीयान के निवास एवं अन्य ठिकानों की तलाशी जारी है। उक्त रिश्वत राशि उपखण्ड अधिकारी मुकेश कुमार मीणा के संज्ञान में होने तथा तहसीलदार रामधन गुर्जर के मौके से फरार हो जाने से उक्त अधिकारियों की भूमिका भी अनुसंधान का विषय होने से तीनों के विरूद्ध प्रकरण दर्ज कर विस्तृत अनुसंधान किया जायेगा।
एसीबी महानिदेशक, भगवान लाल सोनी ने समस्त प्रदेशवासियों से अपील की है कि भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की टोल-फ्री हैल्पलाईन नं. 1064 एवं Whatsapp हैल्पलाईन नं. 94135–02834 पर 24×7 सम्पर्क कर भ्रष्टाचार के विरुद्ध अभियान में अपना महत्वपूर्ण योगदान दें। एसीबी आपके वैध कार्य को करवाने में पूरी मदद करेगी। विदित रहे कि एसीबी राजस्थान राज्य में राज्य कर्मियों के साथ-साथ केन्द्र सरकार के कार्मिकों के विरूद्ध भी कार्यवाही करने को अधिकृत है।




















