ठेलाणा धाम बालाजी मंदिर में नौ दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा शुरू
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मुकुंदगढ़ (नवयत्न)। चूड़ी अजीतगढ़ के ठेलाणा धाम बालाजी मंदिर गौ सेवा आश्रम में नौ दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हुआ। कथा से पहले महिलाओं ने जमवाय मंदिर से कथा स्थल तक भव्य कलश यात्रा निकाली। डीजे पर बज रहे भक्तिमय गीतों के बीच बड़ी संख्या में महिलाएं सिर पर कलश धारण कर यात्रा में शामिल हुईं। जगह-जगह श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर कलश यात्रा का स्वागत किया। कथा के प्रथम दिन मुख्य यजमान मंजू देवी व ओमप्रकाश शर्मा रहे। व्यास पीठ से जारोली आश्रम, आगरा के कथा व्यास अवधूत संत लोकेशानन्द महाराज ने श्रीमद्भागवत कथा के महात्म्य के साथ ज्ञान और वैराग्य प्रसंग का वर्णन किया। कथा व्यास ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा जीवन के दुखों से मुक्ति का मार्ग दिखाती है और मनुष्य को जीवन जीने की कला सिखाती है। कथा श्रवण से भक्ति, ज्ञान और वैराग्य की भावना जागृत होती है। उन्होंने कहा कि मोह, क्रोध, लोभ, मद, मत्सर और अविद्या जैसी सांसारिक ग्रंथियों से मनुष्य बंधा हुआ है। भगवान के प्रति प्रेम बढ़ने से इन बंधनों से धीरे-धीरे मुक्ति का मार्ग प्रशस्त होता है। कथा के दौरान गोपाल सिंह शेखावत, पवन टेलर, चेतन पाराशर, गौतम मिश्रा, दिनेश सुरोलिया, घनश्याम योगी अलसीसर, बनारसी लाल शर्मा रामपुरा सहित सैकड़ों श्रद्धालु मौजूद रहे।