स्त्री शक्ति की अनूठी पहल, नवरात्र के नौ दिन, नौ सामाजिक सरोकारों के नाम
अशोक राईका
झुंझुनू (नवयत्न)। नवरात्रि के पावन अवसर पर स्त्री शक्ति संगठन की ओर से इस बार नौ दिनों तक अलग-अलग सामाजिक सरोकारों से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन आयोजनों का उद्देश्य महिला सशक्तिकरण, बालिका सम्मान, स्वास्थ्य जागरूकता, सुरक्षा और सामाजिक जिम्मेदारी के प्रति लोगों को जागरूक करना है। संगठन की ओर से नवरात्र के प्रत्येक दिन एक विशेष गतिविधि के माध्यम से समाज में सकारात्मक संदेश देने की पहल की गई है। कार्यक्रमों की शुरुआत 11 अक्टूबर को देवी एवं कन्या पूजन के साथ होगी। इस दौरान शाम 5 बजे बड़ाऊ हाउस रोड नंबर दो पर कन्याओं का पूजन कर उन्हें उपहार भेंट किए जाएंगे। इस आयोजन के माध्यम से कन्या सम्मान और नारी शक्ति के प्रति श्रद्धा का संदेश दिया जाएगा। इसी क्रम में 12 अक्टूबर को महिला कानून एवं जन जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। सुबह 9 बजे धनूरी थानाधिकारी कंचन द्वारा द्वारा ढूकिया नर्सिंग कॉलेज में छात्राओं को महिला कानूनों और उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया जाएगा। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को कानूनी जानकारी देकर उन्हें अपने अधिकारों के प्रति सजग बनाना है। कार्यक्रम की तैयारियों को मूर्त रूप देने के लिए डॉ मीना शेखावत, सुमन मील, ललित राठौड़, रविता झाझडिय़ा, डॉ शालू टीबड़ा, सरोज बड़ाऊ, ज्योति मांजू और सुलक्षणा सहित स्त्री शक्ति समूह की अनेक सदस्य लगी हुई है।
नौ दिन, नौ सामाजिक गतिविधियां
स्त्री शक्ति की ओर से नवरात्रि के दौरान प्रतिदिन अलग-अलग विषयों पर गतिविधियां आयोजित की जाएगी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 13 अक्टूबर को हेल्थ अवेयरनेस सेशन, 14 अक्टूबर को पोस्टर मेकिंग एवं स्लोगन राइटिंग प्रतियोगिता और 15 अक्टूबर को एडॉप्शन यानी गोद लेने से संबंधित गतिविधि आयोजित की जाएगी। इसी क्रम में 16 अक्टूबर को सेल्फ डिफेंस ट्रेनिंग के माध्यम से आत्मरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाई जाएगी। 17 अक्टूबर को हेलमेट वितरण, 18 अक्टूबर को उपहार वितरण तथा 19 अक्टूबर को कन्या प्रसाद का कार्यक्रम आयोजित होगा। इन नौ दिवसीय आयोजनों के जरिए स्त्री शक्ति संगठन नवरात्रि के धार्मिक महत्व को सामाजिक सेवा से जोडऩे का प्रयास कर रहा है। महिला सुरक्षा, स्वास्थ्य, आत्मनिर्भरता, बालिका सम्मान और जरूरतमंदों की सहायता जैसे विषयों पर केंद्रित ये गतिविधियां समाज में जागरूकता बढ़ाने के साथ नारी शक्ति के सम्मान का संदेश देगी।