भगवान महावीर जन्म कल्याणक दिवस श्रद्धा व उत्साह से मनाया गया
ललित दाधीच
राजलदेसर (नवयत्न ) । राजलदेसर में युग प्रधान आचार्य महाश्रमण के विद्वान सुशिष्य मुनि जयकुमार के पावन सान्निध्य में 2625वां भगवान महावीर जन्म कल्याणक दिवस मंगलवार को नाहर भवन में श्रद्धा एवं उल्लास के साथ मनाया गया।मुनि श्री ने संबोधित करते हुए कहा कि 2600 वर्षों बाद भी आज संसार भगवान महावीर को स्मरण करता है। उन्होंने समता, सहिष्णुता और अहिंसा का संदेश देकर मानव जीवन को नई दिशा दी। मुनि श्री ने नारी उत्थान पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भगवान महावीर ने 2600 वर्ष पूर्व साध्वी दीक्षा प्रदान कर नारी को उच्च स्थान दिया और बताया कि संसार में मां के समान कोई नहीं है।कार्यक्रम का शुभारंभ हिमांशु दाधीच द्वारा मंत्रोच्चारण से हुआ। मंजुदेवी बाफना ने मंगलाचरण प्रस्तुत किया। तेरापंथ महिला मंडल, नेहा शर्मा एवं वीरेंद्र लाटा ने भगवान महावीर के सिद्धांतों पर गीत एवं वक्तव्य प्रस्तुत किए। मुनि मुदित कुमार ने वर्तमान समय में महावीर की प्रासंगिकता को सुंदर ढंग से समझाया। ज्ञानशाला के नन्हे ज्ञानार्थियों ने नाटक के माध्यम से महावीर जन्मोत्सव का भावपूर्ण मंचन किया। आदर्श विद्या मंदिर विद्यालय के बच्चों ने भी भाग लिया । कार्यक्रम का संचालन मोनिका बैद ने किया । इससे पूर्व स्थानीय तेरापंथ भवन में विराजित शासन साध्वी श्री मानकुमारी से मंगलपाठ सुनकर प्रभात फेरी रवाना हुई, जो राजलदेसर के मुख्य मार्गों से होते हुए नाहर भवन पहुंचकर प्रवचन में परिणत हुई। कार्यक्रम के पश्चात भीखमचंद-चंपालाल नाहर परिवार द्वारा अल्पाहार की व्यवस्था की गई। अंत में सभा मंत्री कमल दुगड़ ने सभी का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर कस्बे के अनेकों जजैन समाज व गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे ।