पूर्व सरपंच चौधरी भीयाराम गोदारा का निधन, क्षेत्र में शोक की लहर
श्रीराम तिवाड़ी
नोखा (नवयत्न) । बीकानेर कांग्रेस के वयोवृद्ध नेता, गांधीवादी विचारधारा के प्रखर समर्थक एवं नोखागांव के पूर्व सरपंच चौधरी भीयाराम गोदारा का 102 वर्ष (शतायु) की आयु में निधन हो गया। उनके निधन से पूरे नोखा क्षेत्र सहित सामाजिक एवं राजनीतिक जगत में शोक की लहर छा गई।
चौधरी भीयाराम गोदारा ने पंचायतीराज व्यवस्था में नोखागांव, हियादेसर एवं बुधरो की ढाणी के सरपंच पद पर वर्ष 1988 से 1995 तक सेवाएं दीं। क्षेत्र की राजनीति में उनकी मजबूत पकड़ रही तथा वे आजीवन लोकतंत्र, सामाजिक सेवा और जनहित के कार्यों के प्रति समर्पित रहे।
वे सन् 1952 के प्रथम आम चुनाव से लेकर पंचायत, विधानसभा एवं लोकसभा के प्रत्येक चुनाव में मतदान करने वाले जागरूक नागरिकों में शामिल रहे। लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति उनकी आस्था सदैव प्रेरणादायक रही।
चौधरी भीयाराम गोदारा अनेक सामाजिक संस्थाओं से जुड़े रहे और निरंतर सामाजिक कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभाते रहे। वे आजादी के आंदोलन के साक्षी रहे तथा 2 अक्टूबर 1959 को नागौर में आयोजित पंचायतीराज शुभारंभ समारोह में संसाधनों और परिवहन के अभाव के बावजूद लगभग 60 किलोमीटर पैदल चलकर शामिल हुए थे।
उन्होंने वर्ष 1987-88 के भीषण अकाल (चोमालिसे काल) एवं वर्ष 1999-2002 के छपने काल में कैंटल कैम्प संचालित कर गौसेवा का अनुकरणीय कार्य किया। नोखा क्षेत्र में उन्हें गांधीवादी विचारधारा, गोसेवा, सादगी और ईमानदार व्यक्तित्व के रूप में विशेष पहचान प्राप्त थी।
पूर्व सरपंच चौधरी भीयाराम गोदारा के निधन पर स्थानीय जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों एवं ग्रामीणों ने गहरा शोक व्यक्त किया। उनके अंतिम संस्कार में पूर्व राज्य मंत्री महेंद्र गहलोत नोखा विधायक प्रतिनिधि अजय रामेश्वर डूडी nsui के जिलाध्यक्ष श्रीकृष्ण गोदारा नोखा क्रय विक्रय सहकारी समिति के चेयरमैन जेठाराम गोदारा जिला परिषद सदस्य प्रतिनिधि रामप्रताप सियाग rlp नोखा अध्यक्ष तुलसीराम डूडी भामटसर पूर्व सरपंच रामनारायण सारण नोखा सरपंच संघ अध्यक्ष सरपंच पुरखाराम देपन उप सरपंच शिवप्रकाश पंचारिया सहित हजारों लोगों ने शामिल होकर श्रद्धांजलि अर्पित की और नम आंखों से अंतिम विदाई दी।