नियम विरुद्ध चल रही है खदानें, ग्रामिणों ने लगाया आरोप
पाटन,(प्रवीण कुमार योगी)30 मई। मीणा की नांगल में खनिज विभाग द्वारा स्वीकृत चेजा पत्थर की खदानें नियम विरुद्ध चल रही हैं। इन खदान मालिकों के खिलाफ ग्रामिणों ने आरोप लगाया है।
ग्रामिणों ने बताया कि नियमानुसार खदानों में ब्लास्टिंग करने का एक निर्धारित समय होता है उस समय में सायरन बजाकर लोगों को अवगत करवाया जाता है की खदान क्षेत्र में ब्लास्टिंग हो रही है ऐसे में आसपास के एरिया में कोई भी व्यक्ति का रहना वर्जित होता है, परंतु यहां पर नियमों को ताक में रखकर ब्लास्टिंग की जाती है जिसका कोई समय निर्धारित नहीं है।
ब्लास्टिंग के दौरान खनन क्षेत्र में सैकंड क्लास ब्लास्टर मैनेजर एवं मैट का होना आवश्यक होता है लेकिन खदान मालिक मात्र उनका प्रमाण पत्र लेकर इतिश्री कर लेते हैं मौके पर ना तो ब्लास्टर मिलता है और ना ही मेट मिलता है।
ग्रामीणों ने यह भी बताया कि अधिकांश खदान मालिक अपने डंपर का वजन करके एक ई रवन्ना निकाल लेते हैं बाद में उसी ई रवन्ना से अपने डम्परों को पूरे दिन खनन क्षेत्र से क्रेशर प्लांट तक ढोते रहते हैं, जिससे राजस्व को भी काफी नुकसान होता है। डंपरो के पास ई रवन्ना तो 29 से 30 टन का होता है जबकि वे वजन 40 टन तक ले जाते हैं।
ओवरलोड वजन होने के कारण गांव में कई बार डंपरो से पत्थर भी गिर जाते हैं जिस कारण आए दिन दुर्घटनाओं का अंदेशा बना रहता है। ग्रामीणों ने पूर्व में भी कई बार प्रशासन को खदान मालिकों के बारे मे शिकायत की थी परंतु प्रशासन ने भी खदान मालिकों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं किए जाने पर इनके हौसले बुलंद हो रहे हैं।
ग्रामिणों ने बताया अगर प्रशासन इनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करता है तो मजबूर होकर ग्रामीणों को फिर से आंदोलन करना पड़ेगा जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।