महाप्रज्ञ स्कूल स्टाफ ने किए आचार्यश्री महाश्रमण के दर्शन
अबूबकर बल्खी
लाडनूं (नवयत्न) । शिक्षा और आध्यात्मिकता के अनूठे संगम महाप्रज्ञ प्रोगेसिव स्कूल लाडनूं एवं महाप्रज्ञ इंटरनेशनल स्कूल जयपुर के शिक्षकों ने जैन श्वेतांबर तेरापंथ धर्मसंघ के अनुशास्ता गुरुदेव आचार्यश्री महाश्रमण के दर्शन कर उनका मंगल आशीर्वाद प्राप्त किया। गुरुदेव ने शिक्षकों को अपना मंगल आशीर्वाद प्रदान करते हुए बताया कि शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य केवल साक्षर बनाना नहीं है, बल्कि व्यक्ति के भीतर नैतिकता, अहिंसा और मानवीय संवेदनाओं का निर्माण करना है। शिक्षक वह शिल्पी है जो विद्यार्थियों के चरित्र का निर्माण कर संपूर्ण समाज को एक नई दिशा प्रदान करते हैं। मुनिश्री कीर्ति कुमार ने शिक्षकों का मार्गदर्शन करते हुए याद दिलाया कि उन पर आने वाली पीढ़ियों के निर्माण का बड़ा उत्तरदायित्व है, और उन्हें एक ऐसे समाज की नींव रखनी चाहिए जहाँ हर व्यक्ति नैतिकता के मार्ग पर चले। प्रिंसिपल नीलिमा सिंह लाडनूं एवं प्रिंसिपल मधु शेखावत ने भी अपने विचार रखे। एजुकेशनल कन्वीनर गौरव जैन मांडोत और सहायक समन्वयक प्रवीण बरड़िया ने गुरुदेव से प्राप्त ऊर्जा को विद्यार्थियों में संस्कार सिंचन और एक आदर्श समाज के निर्माण में सहायक बताया। इस अवसर पर जैन विश्व भारती अध्यक्ष अमरचंद लुंकड़, सचिव सलिल लोढ़ा, कॉर्डिनेटर रचना बालानी आदि मौजूद रहे।