नगरपालिका चुनाव से पहले मतदाता सूची पर विवाद

श्रीराम तिवाड़ी
नोखा (नवयत्न)। आगामी 9 सितंबर को होने वाले नगर पालिका चुनाव से पहले नोखा में मतदाता सूची को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। विकास मंच नोखा एवं पूर्व संसदीय सचिव कन्हैया लाल झंवर ने निर्वाचन अधिकारियों को पत्र देकर ग्रामीण क्षेत्र में निवास करने वाले मतदाताओं के नाम नगर पालिका क्षेत्र की मतदाता सूची में जोड़े जाने पर आपत्ति जताई है। 21 अगस्त 2026 को चुनाव आयुक्त राजस्थान, जिला निर्वाचन अधिकारी बीकानेर तथा निर्वाचन अधिकारी नगर पालिका नोखा को दिए गए पत्र में आरोप लगाया गया है कि करीब 2500 ऐसे फॉर्म जमा हुए हैं, जिनमें आवेदनकर्ताओं का वास्तविक निवास नगर पालिका नोखा क्षेत्र में नहीं है, इसके बावजूद उनके नाम नगर क्षेत्र की मतदाता सूची में जोड़ने के लिए आवेदन किए गए हैं।
वार्ड 25 का उदाहरण देकर उठाई आपत्ति
ज्ञापन में वार्ड संख्या 25 का विशेष उल्लेख करते हुए कहा गया है कि कुछ ग्रामीण मतदाताओं ने नोखा के वार्ड 25 में वोट जोड़ने के लिए आवेदन किया है, जबकि उनके वास्तविक निवास स्थान ग्रामीण क्षेत्र रोड़ा में बताए गए हैं। पत्र में ऐसे मतदाताओं के नामों को नगर पालिका के वार्ड 25 की मतदाता सूची में शामिल नहीं करने की मांग की गई है। इसके समर्थन में 20 अगस्त को निर्वाचन अधिकारी, नगर पालिका नोखा को दिए गए एक अन्य पत्र में 12 मतदाताओं के नामों का उल्लेख किया गया है। पत्र के अनुसार इन मतदाताओं ने वार्ड 25 में नाम जोड़ने के लिए आवेदन किया, जबकि उनके वास्तविक निवास का स्थान रोड़ा तथा वार्ड 26 क्षेत्र बताया गया है।
गलत नाम जुड़े तो आंदोलन करेंगे
कन्हैयालाल झंवर ने चेतावनी दी है कि यदि बिना वास्तविक निवास की पुष्टि किए ग्रामीण मतदाताओं के नाम नगर पालिका क्षेत्र की मतदाता सूची में जोड़ दिए जाते हैं, तो विकास मंच इसका विरोध करेगा। ज्ञापन में कहा गया है कि यदि ऐसे करीब 2500 फॉर्म निरस्त नहीं किए गए, तो विकास मंच की ओर से 22 अगस्त को सुबह 11 बजे उपखंड कार्यालय के सामने धरना देने का निर्णय लिया गया है। पत्र में यह भी कहा गया है कि आवश्यकता पड़ने पर आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा तथा इसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
निष्पक्ष चुनाव को लेकर बढ़ी निगरानी
नगरपालिका चुनाव से ठीक पहले उठे इस मुद्दे ने मतदाता सूची के पुनरीक्षण और सत्यापन की प्रक्रिया को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। विकास मंच का कहना है कि मतदाता का वास्तविक निवास जिस क्षेत्र में है, उसी के अनुरूप उसका नाम संबंधित वार्ड की मतदाता सूची में होना चाहिए, ताकि शहरी मतदाताओं के मतदान अधिकार प्रभावित न हों। राजस्थान के मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर भी 2026 की अंतिम एस आई आर मतदाता सूची, मतदाता नाम खोजने तथा दावे-आपत्तियों से संबंधित सुविधाएं उपलब्ध हैं। अब निगाहें निर्वाचन विभाग की कार्रवाई पर टिकी हैं कि शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच किस स्तर पर होती है और विवादित आवेदनों का सत्यापन किस प्रकार किया जाता है। चुनाव से पहले मतदाता सूची का यह विवाद नोखा की चुनावी राजनीति में नया मुद्दा बनता दिखाई दे रहा है।

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