आयकर विभाग की कार्यशाला में लंबित मांगों की वसूली पर जोर

सुरेंद्र शर्मा
झुंझुनूं (नवयत्न)। झुंझुनूं में आयकर विभाग की ओर से बुधवार को अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें आयकर कानून और प्रक्रियाओं को सरल बनाने, विभागीय कामकाज को बेहतर करने और करदाताओं को समय पर सुविधाएं देने पर चर्चा हुई। कार्यशाला में प्रधान आयकर आयुक्त रितेश परमार ने अधिकारियों को मार्गदर्शन दिया। अपर आयकर आयुक्त अनिता रिनेश ने कार्यक्रम का संचालन किया। आयकर अधिकारियों, निरीक्षकों और अन्य कर्मचारियों ने विभागीय कामकाज से जुड़े विषयों पर विचार साझा किए। कार्यशाला में कहा गया कि ईमानदार करदाताओं को सरल और सुगम कर व्यवस्था का लाभ मिलना चाहिए। वहीं जानबूझकर आयकर का भुगतान नहीं करने वालों और एक से अधिक पेन रखने वाले व्यक्तियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। कार्यशाला में विभागीय कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही और कार्यकुशलता बढ़ाने के साथ कर प्रशासन को करदाता-अनुकूल बनाने पर जोर दिया गया। अधिकारियों और कर्मचारियों से राजस्व संग्रहण को मजबूत करने के लिए समन्वय और परिणाम के आधार पर काम करने का आह्वान किया गया। कार्यशाला आयकर अधिकारी कमल कुमावत टोंक, हजारीलाल गुर्जर चूरू, अशोक कुमार वर्मा सीकर, प्रीति मीना, रामजीलाल मीना जयपुर सहित संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
लंबित आयकर मांगों की वसूली पर फोकस
लंबे समय से लंबित आयकर मांगों की वसूली को भी प्रमुखता से लिया गया। संबंधित मामलों की सूची तैयार कर कार्यालयों में साझा करने और जरूरत के अनुसार पूर्व सूचना व नोटिस जारी करने पर चर्चा हुई। लंबित मांगों की समयबद्ध वसूली के लिए शेड्यूल तैयार करने पर भी जोर दिया गया।
सीए एसोसिएशन ने दिए सुझाव
कार्यशाला में चार्टर्ड अकाउंटेंट संस्थान के चेयरमैन मनीष अग्रवाल सहित लोकेश अग्रवाल, जिमी मोदी, विनायक और दिनेश देवराज ने भी भाग लिया। उन्होंने करदाताओं की सुविधा और सेवा विस्तार को लेकर अपने सुझाव दिए।

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