भागवत कथा के समापन पर हवन में दी आहुतियां, भजनों पर झूमे श्रद्धालु
निसं
बुगाला (नवयत्न)। तोगड़ा स्वरूप सिंह में चल रही श्रीमद्भागवत कथा का शुक्रवार को समापन हुआ। अंतिम दिन कथावाचक पंडित अजय मिश्रा ने परीक्षित मोक्ष और सुदामा चरित्र की कथा सुनाई। उन्होंने मित्रता और निस्वार्थ भाव से सेवा करने का संदेश दिया। कथा के दौरान ‘अरे! द्वारपालों कन्हैया से कह दो…Ó भजन पर श्रद्धालु भक्ति में झूम उठे और नृत्य किया। कथा समापन के अवसर पर सुबह हवन का आयोजन किया गया। इसमें मुख्य यजमान बाबूलाल मीणा, नरेंद्र सिंह शेखावत, विजेंद्र सिंह, रामावतार मीणा, जयकृष्ण और अंबिकाचरण शास्त्री ने सपत्नीक आहुतियां दीं। श्रद्धालुओं ने हवन में आहुति देकर सुख-समृद्धि की कामना की।