बुहाना अस्पताल की बदहाल व्यवस्था पर दूसरे दिन भी धरना और भूख हड़ताल जारी, 6 घंटे सडक़ जाम
मधु दहिया
बुहाना (नवयत्न)। कस्बे के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्थाओं के विरोध में शुरू हुआ ग्रामीणों का आंदोलन गुरुवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। धरना और भूख हड़ताल जारी रखते हुए आक्रोशित ग्रामीणों ने करीब छह घंटे तक सडक़ जाम कर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान प्रशासन और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई, जिससे यातायात भी प्रभावित रहा। धरने पर बैठे ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे। ग्रामीणों ने अस्पताल स्टाफ के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। ग्रामीणों द्वारा तुरंत प्रभाव से सुधार की मांग की। दोपहर तक कोई सुनवाई नहीं होने पर आंदोलन और तेज हो गया। जिससे आवाजाही में लोगों को दूसरे रास्ते से जाना पड़ा। कल रात से ही पवन सिंह तंवर व विजेंद्र तुदवाल भूख हड़ताल पर बैठ हुए है जिसमें सुबह रणवीर भक्तजी और कृष्ण मास्टर भी शामिल हो गए। शाम को सीएमएचओ छोटेलाल गुर्जर, बुहाना बीसीएमओ जयवीर भगासरा, तहसीलदार बाबूलाल धरना स्थल पहुंचे और समझाइश का प्रयास किया, लेकिन प्रदर्शनकारी लापरवाही कर्मचारीयों को तुंरत एपीओ करने और अन्य अन्य मांगों पर लिखित आश्वासन मिलने तक धरना समाप्त करने को तैयार नहीं हुए। ग्रामीणों ने डॉक्टर व स्टाफ द्वारा मरीजों के साथ अभद्र व्यवहार करने, बाहर की दवाइयां ओर जांच लिखने के आरोप लगाए। सीएमएचओ ने कार्रवाई का भरोसा देते हुए डॉक्टर महेंद्र को एपीओ करने की बात कही, लेकिन ग्रामीणों ने इसे अपर्याप्त बताते हुए डॉक्टर महेंद्र के साथ डॉ. पूनम को भी एपीओ करने की मांग रखी। इससे पहले ग्रामीणों ने अस्पताल में डॉक्टरों और कर्मचारियों के मरीजों के प्रति व्यवहार, बाहर की दवाइयां और जांच लिखने, सर्जन व लैब स्टाफ की कमी, समय से एम्बुलेंस नहीं मिलने, अस्पताल परिसर में गंदगी तथा स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही जैसे मुद्दों को लेकर आंदोलन शुरू किया था। आंदोलन के दूसरे दिन भी इन सभी मांगों को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश बरकरार रहा। इसके अलावा अस्पताल की अन्य समस्याओं के समाधान को लेकर लिखित आश्वासन देने की मांग भी दोहराई। ग्रामीणों का कहना था कि अब केवल मौखिक आश्वासन स्वीकार नहीं किया जाएगा। जब तक सभी प्रमुख मांगों पर लिखित आदेश जारी नहीं होते, तब तक धरना और भूख हड़ताल जारी रहेगी। साथ ही कल बुहाना बंद करने का आव्हान किया। धरने पर पवन सिंह, कृष्ण सिंह, नीतू वर्मा, राजू बुहाना, संदीप सिंह, ज्ञानसिंह, रवींद्र सांखला, सावन कुमार, मैनपाल, शक्ति सिंह, शेरा सिंह, दलीप सिंह, सुमेर सिंह, दीपक सिंह, जयपाल, प्रदीप सिंह, कमला, राजबाला, सुमित्रा, पूनम देवी, रीसाल, सुनीता, कमलेश, विमला, मीरा, प्रेम, आशा, सुमन, संतोष मौजूद रहे।