चेन्नई में ड्यूटी के दौरान अग्निवीर झाझड़िया का निधन
निसं
मंडावा (नवयत्न)। मंडावा उपखंड क्षेत्र के पीपल का बास गांव का माहौल बुधवार को गम और गर्व के भाव से भर गया। भारतीय वायुसेना में अग्निवीर के रूप में कार्यरत 22 वर्षीय आर्यन झाझड़िया का चेन्नई में ड्यूटी के दौरान निधन हो गया। तिरंगे में लिपटा उनका पार्थिव शरीर जैसे ही गांव पहुंचा, पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। हजारों ग्रामीणों ने नम आंखों से अपने वीर सपूत को अंतिम विदाई दी।
सबसे भावुक पल तब आया जब मां सरोज देवी ने तिरंगे में लिपटे अपने इकलौते बेटे को अंतिम बार देखा। बेटे के पार्थिव शरीर से लिपटकर वे बिलख उठी और बेसुध हो गई। वहां मौजूद महिलाओं और परिजनों ने उन्हें संभाला। पिता भागीरथ सिंह और दोनों बहनों सहित पूरा परिवार गहरे सदमे में दिखाई दिया। यह दृश्य देखकर अंतिम यात्रा में शामिल हर व्यक्ति की आंखें नम हो गई।
ड्यूटी के दौरान हुआ हादसा
परिजनों के अनुसार आर्यन चेन्नई स्थित एयरफोर्स स्टेशन पर तैनात थे। ड्यूटी के दौरान स्विमिंग पूल में नहाते समय उनका पैर फिसल गया, जिससे वे पानी में डूब गए। उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। आर्यन करीब ढाई वर्ष से अग्निवीर के रूप में भारतीय वायुसेना में सेवा दे रहे थे। उनकी पहली पोस्टिंग वर्ष 2024 में कर्नाटक के बेलगाम में हुई थी। करीब दो महीने पहले उनका तबादला चेन्नई हुआ था। कुछ समय पहले ही वे छुट्टी पर अपने गांव आए थे और परिवार के साथ समय बिताने के बाद ड्यूटी पर लौटे थे।
8 किलोमीटर लंबी तिरंगा बाइक यात्रा
पार्थिव शरीर के मंडावा पहुंचने पर वहां से पीपल का बास तक करीब 8 किलोमीटर लंबी तिरंगा बाइक यात्रा निकाली गई। सैकड़ों युवाओं ने हाथों में तिरंगा लेकर यात्रा में भाग लिया। पूरे मार्ग में ग्रामीणों ने पुष्पवर्षा कर वीर जवान को श्रद्धांजलि दी। भारत माता की जय, वंदे मातरम् और वीर जवान अमर रहे के नारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा।
हजारों लोगों ने किए अंतिम दर्शन
गांव में अंतिम दर्शन के लिए सुबह से ही लोगों का जनसैलाब उमड़ पड़ा। आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। हर कोई अपने वीर सपूत को अंतिम सलाम करने के लिए आतुर दिखाई दिया। अंतिम यात्रा में शामिल लोगों ने देशभक्ति के नारे लगाते हुए आर्यन को श्रद्धांजलि दी।
वायुसेना ने दिया गार्ड ऑफ ऑनर
जयपुर से पहुंची भारतीय वायुसेना की विशेष टुकड़ी ने पूरे सैन्य सम्मान के साथ आर्यन झाझड़िया को गार्ड ऑफ ऑनर दिया। सैन्य परंपरा के अनुसार राष्ट्रीय ध्वज सम्मानपूर्वक परिजनों को सौंपा गया। इसके बाद पूरे सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया।
परिवार के इकलौते बेटे थे आर्यन
आर्यन 22 वर्ष के थे और अविवाहित थे। वे परिवार के इकलौते बेटे थे। परिवार में पिता भागीरथ सिंह, मां सरोज देवी और दो बहनें हैं, जिनमें बड़ी बहन का विवाह हो चुका है। पिता ट्रेवल्स का व्यवसाय करते हैं। आर्यन के निधन से पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
जनप्रतिनिधियों ने दी श्रद्धांजलि
मंडावा विधायक रीटा चौधरी, भाजपा जिला अध्यक्ष हर्षिनी कुल्हरी, नरेंद्र कुमार, जिला सैनिक कल्याण अधिकारी अनिल कुमार सहित अनेक जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, सामाजिक संगठनों और गणमान्य नागरिकों ने पुष्पचक्र अर्पित कर वीर जवान को श्रद्धांजलि दी।