फोटो वायरल करने की धमकी देकर नाबालिग से दुष्कर्म, आरोपी को 20 साल की सजा
जयशंकर जांगिड़
झुंझुनू (नवयत्न) । पोक्सो न्यायालय झुंझुनू के विशिष्ट न्यायाधीश इसरार खोखर ने एक महत्वपूर्ण फैसले में नाबालिग पीड़िता की फोटो वायरल करने की धमकी देकर दुष्कर्म करने के आरोपी को दोषी मानते हुए 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही आरोपी पर 50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। जुर्माना अदा नहीं करने पर उसे 3 माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।
दोषी मोहम्मद अल्ताफ पुत्र मोहम्मद शरीफ, निवासी वार्ड नंबर 7, डूण्डलोद थाना मुकन्दगढ़, जिला झुंझुनू है। न्यायालय ने अन्य धाराओं में भी सजा सुनाते हुए सभी सजाएं साथ-साथ चलाने के आदेश दिए हैं। कुल मिलाकर आरोपी पर 56 हजार रुपये का जुर्माना किया गया है।
घटना का वीडियो बनाकर ब्लैकमेल
प्रकरण के अनुसार 16 अप्रैल 2025 को पीड़िता के पिता ने थाना मुकन्दगढ़ में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। रिपोर्ट में बताया गया कि आरोपी, जो रिश्ते में पीड़िता का चाचा लगता है, पिछले दो-तीन वर्षों से उसे परेशान कर रहा था।
आरोप है कि जून 2023 में आरोपी ने पीड़िता के कमरे में घुसकर उसकी अश्लील फोटो खींच ली और उसे वायरल करने की धमकी देकर जबरन दुष्कर्म किया। इतना ही नहीं, आरोपी ने घटना का वीडियो भी बना लिया और बाद में उसी के आधार पर पीड़िता को ब्लैकमेल करता रहा।
पीड़िता को लगातार धमकाया जाता था कि यदि उसने बात नहीं की या विरोध किया तो उसकी फोटो-वीडियो वायरल कर दी जाएगी और जान से मार दिया जाएगा। इसी डर के कारण आरोपी ने कई बार उसके साथ दुष्कर्म किया।
धमकियों से परेशान होकर खोला राज
घटना का खुलासा तब हुआ जब 12 अप्रैल 2025 को आरोपी ने पीड़िता पर घर से भागने का दबाव बनाया और मना करने पर उसके भाई को जान से मारने की धमकी दी। इससे भयभीत होकर पीड़िता ने पूरी घटना अपने पिता को बताई, जिसके बाद मामला दर्ज कराया गया।
अदालत में यह हुआ
पुलिस ने जांच पूरी कर आरोपी के खिलाफ पोक्सो न्यायालय में चालान पेश किया। मामले में राज्य सरकार की ओर से पैरवी करते हुए विशिष्ट लोक अभियोजक सुरेन्द्र सिंह भाम्बू ने 15 गवाहों के बयान करवाए और 35 दस्तावेज न्यायालय में प्रस्तुत किए। अदालत ने सभी साक्ष्यों का बारीकी से परीक्षण करते हुए आरोपी को दोषी माना और कठोर सजा सुनाई।